आरती कलेक्शन
श्री शनिदेव आरती
॥ शनिदेव आरती ॥ जय जय श्री शनिदेव भक्तन हितकारी। सूरज के पुत्र प्रभु छाया महतारी॥ जय जय श्री शनिदेव भक्तन हितकारी॥ श्याम अंग वक्र-दृष्टि चतुर्भुजा धारी। निलाम्बर धार नाथ...
श्री शनिदेव आरती
॥ शनिदेव आरती ॥ जय जय श्री शनिदेव भक्तन हितकारी। सूरज के पुत्र प्रभु छाया महतारी॥ जय जय श्री शनिदेव भक्तन हितकारी॥ श्याम अंग वक्र-दृष्टि चतुर्भुजा धारी। निलाम्बर धार नाथ...
भगवान सूर्यदेव आरती
॥ आरती श्री सूर्य जी ॥ जय कश्यप-नन्दन, भगवान सूर्य की सर्वात प्रसिद्ध आरतींपैकी एक आहे. ही प्रसिद्ध आरती भगवान सूर्याशी संबंधित बहुतेक प्रसंगी गायली जाते. जय कश्यप-नन्दन, ॐ जय...
भगवान सूर्यदेव आरती
॥ आरती श्री सूर्य जी ॥ जय कश्यप-नन्दन, भगवान सूर्य की सर्वात प्रसिद्ध आरतींपैकी एक आहे. ही प्रसिद्ध आरती भगवान सूर्याशी संबंधित बहुतेक प्रसंगी गायली जाते. जय कश्यप-नन्दन, ॐ जय...
श्री रामायण जी आरती
॥ श्री रामायणजी की आरती ॥ आरती श्री रामायण जी की।कीरति कलित ललित सिया-पी की॥ गावत ब्राह्मादिक मुनि नारद।बालमीक विज्ञान विशारद। शुक सनकादि शेष अरु शारद।बरनि पवनसुत कीरति नीकी॥ आरती...
श्री रामायण जी आरती
॥ श्री रामायणजी की आरती ॥ आरती श्री रामायण जी की।कीरति कलित ललित सिया-पी की॥ गावत ब्राह्मादिक मुनि नारद।बालमीक विज्ञान विशारद। शुक सनकादि शेष अरु शारद।बरनि पवनसुत कीरति नीकी॥ आरती...
श्री पुरुषोत्तम आरती
॥ श्री पुरुषोत्तम देव की आरती ॥ जय पुरुषोत्तम देवा, स्वामी जय पुरुषोत्तम देवा। महिमा अमित तुम्हारी, सुर-मुनि करी सेवा॥ जय पुरुषोत्तम देवा॥ सर्व मासांत उत्तम, तुम्हाला सांगितले आहे। कृपा...
श्री पुरुषोत्तम आरती
॥ श्री पुरुषोत्तम देव की आरती ॥ जय पुरुषोत्तम देवा, स्वामी जय पुरुषोत्तम देवा। महिमा अमित तुम्हारी, सुर-मुनि करी सेवा॥ जय पुरुषोत्तम देवा॥ सर्व मासांत उत्तम, तुम्हाला सांगितले आहे। कृपा...
श्री सत्यनारायण आरती
॥ आरती श्री सत्यनारायणजी ॥ जय लक्ष्मीरमणा श्री जय लक्ष्मीरमणा। सत्यनारायण स्वामी जनपातक हरणा॥ जय लक्ष्मीरमणा। रत्नजडित सिंहासन अद्भुत छवि राजे। नारद करत निराजन घंटा ध्वनि बाजे॥ जय लक्ष्मीरमणा। प्रगट...
श्री सत्यनारायण आरती
॥ आरती श्री सत्यनारायणजी ॥ जय लक्ष्मीरमणा श्री जय लक्ष्मीरमणा। सत्यनारायण स्वामी जनपातक हरणा॥ जय लक्ष्मीरमणा। रत्नजडित सिंहासन अद्भुत छवि राजे। नारद करत निराजन घंटा ध्वनि बाजे॥ जय लक्ष्मीरमणा। प्रगट...
भगवान बद्रीनाथ आरती
॥ भगवान बदरीनाथ आरती ॥ जय जय श्री बदरीनाथ, जयति योग ध्यानी॥ जय जय श्री बदरीनाथ, जयति योग ध्यानी॥ जय जय श्री बदरीनाथ...॥ निर्गुण सगुण स्वरूप, मेधवर्ण अति अनूप। सेवत...
भगवान बद्रीनाथ आरती
॥ भगवान बदरीनाथ आरती ॥ जय जय श्री बदरीनाथ, जयति योग ध्यानी॥ जय जय श्री बदरीनाथ, जयति योग ध्यानी॥ जय जय श्री बदरीनाथ...॥ निर्गुण सगुण स्वरूप, मेधवर्ण अति अनूप। सेवत...
श्री लक्ष्मीनारायण आरती
॥ श्री लक्ष्मीनारायण आरती ॥ जय लक्ष्मी-विष्णो। जय लक्ष्मीनारायण, जय लक्ष्मी-विष्णो। जय माधव, जय श्रीपति, जय, जय, जय विष्णो॥ जय लक्ष्मी-विष्णो। जय चम्पा सम-वर्णे जय नीरदकान्ते। जय मन्द स्मित-शोभे जय...
श्री लक्ष्मीनारायण आरती
॥ श्री लक्ष्मीनारायण आरती ॥ जय लक्ष्मी-विष्णो। जय लक्ष्मीनारायण, जय लक्ष्मी-विष्णो। जय माधव, जय श्रीपति, जय, जय, जय विष्णो॥ जय लक्ष्मी-विष्णो। जय चम्पा सम-वर्णे जय नीरदकान्ते। जय मन्द स्मित-शोभे जय...
भगवान जगदीश आरती
॥ आरती श्री जगदीशजी ॥ ॐ जय जगदीश हरे, स्वामी ! जय जगदीश हरे। भक्त जणांची संकटे, क्षणात दूर करी ॥ ॐ जय जगदीश हरे। जो ध्यावे फळ पावे, दुःख...
भगवान जगदीश आरती
॥ आरती श्री जगदीशजी ॥ ॐ जय जगदीश हरे, स्वामी ! जय जगदीश हरे। भक्त जणांची संकटे, क्षणात दूर करी ॥ ॐ जय जगदीश हरे। जो ध्यावे फळ पावे, दुःख...
कैलासवासी आरती
॥ भगवान कैलासवासी आरती ॥ शीरीं गंगा, अर्धअंगा पार्वती, सदा विराजत कैलासी। नंदी भृंगी नृत्य करत, ध्याती सुर सुखराशी॥ शीतल मंद सुगंध पवन वाहे, बैसले शिव अविनाशी। गाती गंधर्व सप्त...
कैलासवासी आरती
॥ भगवान कैलासवासी आरती ॥ शीरीं गंगा, अर्धअंगा पार्वती, सदा विराजत कैलासी। नंदी भृंगी नृत्य करत, ध्याती सुर सुखराशी॥ शीतल मंद सुगंध पवन वाहे, बैसले शिव अविनाशी। गाती गंधर्व सप्त...
भगवान गंगाधर आरती
॥ भगवान गङ्गाधर आरती ॥ ॐ जय गङ्गाधर जय हर जय गिरिजाधीशा। त्वं मां पालय नित्यं कृपया जगदीशा॥ ॐ हर हर हर महादेव॥ कैलासे गिरिशिखरे कल्पद्रुमविपिने। गुन्जति मधुकरपुन्जे कुन्जवने गहने॥...
भगवान गंगाधर आरती
॥ भगवान गङ्गाधर आरती ॥ ॐ जय गङ्गाधर जय हर जय गिरिजाधीशा। त्वं मां पालय नित्यं कृपया जगदीशा॥ ॐ हर हर हर महादेव॥ कैलासे गिरिशिखरे कल्पद्रुमविपिने। गुन्जति मधुकरपुन्जे कुन्जवने गहने॥...
भगवान शंकर की आरती
॥ भगवान शंकर आरती ॥ जयति जयति जग-निवास, शंकर सुखकारी॥ जयति जयति जग-निवास, शंकर सुखकारी॥ जयति जयति जग-निवास...॥ अजर अमर अज अरूप, सत चित आनन्दरूप। व्यापक ब्रह्मस्वरूप, भव! भव-भय-हारी॥ जयति...
भगवान शंकर की आरती
॥ भगवान शंकर आरती ॥ जयति जयति जग-निवास, शंकर सुखकारी॥ जयति जयति जग-निवास, शंकर सुखकारी॥ जयति जयति जग-निवास...॥ अजर अमर अज अरूप, सत चित आनन्दरूप। व्यापक ब्रह्मस्वरूप, भव! भव-भय-हारी॥ जयति...
शिव शंकर जी की आरती
॥ श्री शिवशंकरजी की आरती ॥ हर हर हर महादेव! सत्य, सनातन, सुंदर, शिव सर्वांचे स्वामी। अविकारी अविनाशी, अज अंतर्यामी॥ हर हर हर महादेव! आदि, अनंत, अनामय, अकल, कलाधारी। अमल,...
शिव शंकर जी की आरती
॥ श्री शिवशंकरजी की आरती ॥ हर हर हर महादेव! सत्य, सनातन, सुंदर, शिव सर्वांचे स्वामी। अविकारी अविनाशी, अज अंतर्यामी॥ हर हर हर महादेव! आदि, अनंत, अनामय, अकल, कलाधारी। अमल,...
श्री शिवजी की आरती
॥ शिवजी की आरती ॥ ॐ जय शिव ओंकारा ही भगवान शिवाची सर्वात प्रसिद्ध आरती आहे. ही प्रसिद्ध आरती भगवान शिवाशी संबंधित बहुतेक प्रसंगी गायली जाते. आरतीच्या वेळी दिव्याने भगवान...
श्री शिवजी की आरती
॥ शिवजी की आरती ॥ ॐ जय शिव ओंकारा ही भगवान शिवाची सर्वात प्रसिद्ध आरती आहे. ही प्रसिद्ध आरती भगवान शिवाशी संबंधित बहुतेक प्रसंगी गायली जाते. आरतीच्या वेळी दिव्याने भगवान...
श्री राम रघुपति की आरती
॥ श्री राम रघुपति आरती ॥ बन्दौं रघुपति करुना निधान। जाते छूटै भव-भेद ग्यान॥ रघुबन्स-कुमुद-सुखप्रद निसेस। सेवत पद-पन्कज अज-महेस॥ निज भक्त-हृदय पाथोज-भृन्ग। लावन्यबपुष अगनित अनन्ग॥ अति प्रबल मोह-तम-मारतण्ड। अग्यान-गहन- पावक-प्रचण्ड॥...
श्री राम रघुपति की आरती
॥ श्री राम रघुपति आरती ॥ बन्दौं रघुपति करुना निधान। जाते छूटै भव-भेद ग्यान॥ रघुबन्स-कुमुद-सुखप्रद निसेस। सेवत पद-पन्कज अज-महेस॥ निज भक्त-हृदय पाथोज-भृन्ग। लावन्यबपुष अगनित अनन्ग॥ अति प्रबल मोह-तम-मारतण्ड। अग्यान-गहन- पावक-प्रचण्ड॥...
श्री जानकीनाथ आरती
॥ श्री जानकीनाथ आरती ॥ जय जानकीनाथा, जय श्रीरघुनाथा। दोउ कर जोरें बिनवौं, प्रभु! सुनिये बाता॥ जय जानकीनाथा, जय श्रीरघुनाथा॥ तुम रघुनाथ हमारे प्रान, पिता माता। तुम ही सज्जन-सङ्गी भक्ति...
श्री जानकीनाथ आरती
॥ श्री जानकीनाथ आरती ॥ जय जानकीनाथा, जय श्रीरघुनाथा। दोउ कर जोरें बिनवौं, प्रभु! सुनिये बाता॥ जय जानकीनाथा, जय श्रीरघुनाथा॥ तुम रघुनाथ हमारे प्रान, पिता माता। तुम ही सज्जन-सङ्गी भक्ति...
श्री सीताराम आरती
॥ श्री सीताराम आरती ॥ आसपास सखियाँ सुख दैनी, सजि नव साज सिन्गार सुनैनी, बीन सितार लिएँ पिकबैनी, गाइ सुराग सुनाओ॥ गाओ गाओ री, प्रियाप्रीतम की आरती गाओ। अनुपम छबि...
श्री सीताराम आरती
॥ श्री सीताराम आरती ॥ आसपास सखियाँ सुख दैनी, सजि नव साज सिन्गार सुनैनी, बीन सितार लिएँ पिकबैनी, गाइ सुराग सुनाओ॥ गाओ गाओ री, प्रियाप्रीतम की आरती गाओ। अनुपम छबि...
श्री राम रघुवीर आरती
॥ श्री राम रघुवीर आरती ॥ ऐसी आरती राम रघुबीर की करहि मन। हरण दुख-द्वंद्व गोविन्द आनन्दघन॥ ऐसी आरती राम रघुबीर की करहि मन॥ अचर चर रूप हरि, सर्वगत, सर्वदा...
श्री राम रघुवीर आरती
॥ श्री राम रघुवीर आरती ॥ ऐसी आरती राम रघुबीर की करहि मन। हरण दुख-द्वंद्व गोविन्द आनन्दघन॥ ऐसी आरती राम रघुबीर की करहि मन॥ अचर चर रूप हरि, सर्वगत, सर्वदा...
श्री रघुवर आरती
॥ श्री रघुवर आरती ॥ आरती कीजे श्री रघुवर जी की, सत् चित् आनंद शिव सुंदर की। दशरथ तनय कौशल्या नंदन, सुर मुनि रक्षक दैत्य निकंदन। अनुगत भक्त भक्त उर...
श्री रघुवर आरती
॥ श्री रघुवर आरती ॥ आरती कीजे श्री रघुवर जी की, सत् चित् आनंद शिव सुंदर की। दशरथ तनय कौशल्या नंदन, सुर मुनि रक्षक दैत्य निकंदन। अनुगत भक्त भक्त उर...
श्री रामचंद्र आरती
॥ आरती श्री रामचंद्रजी ॥ श्री रामचंद्र कृपालु भज मन, हरण भवभय दारुणम्। नव कंज लोचन, कंज मुख करकंज पद कंजारुणम्॥ श्री रामचंद्र कृपालु भज मन...॥ कंदर्प अगणित अमित छवि,...
श्री रामचंद्र आरती
॥ आरती श्री रामचंद्रजी ॥ श्री रामचंद्र कृपालु भज मन, हरण भवभय दारुणम्। नव कंज लोचन, कंज मुख करकंज पद कंजारुणम्॥ श्री रामचंद्र कृपालु भज मन...॥ कंदर्प अगणित अमित छवि,...
श्री यशोदालाल आरती
॥ श्री यशोदालाल आरती ॥ आरती करताना यशोदा माता आनंदाने फुलून गेल्या आहेत, त्यांचे अंग आनंदाने मावेनासे झाले आहे. 'बल-बल' असे म्हणत त्या लाड करत आहेत आणि आनंदात मग्न होऊन...
श्री यशोदालाल आरती
॥ श्री यशोदालाल आरती ॥ आरती करताना यशोदा माता आनंदाने फुलून गेल्या आहेत, त्यांचे अंग आनंदाने मावेनासे झाले आहे. 'बल-बल' असे म्हणत त्या लाड करत आहेत आणि आनंदात मग्न होऊन...
भगवान गिरिधारी आरती
॥ भगवान गिरिधारी आरती ॥ जय जय गिरिधारी प्रभु, जय जय गिरिधारी। दानव-दल-बलहारी, गो-द्विज-हितकारी॥ जय जय गिरिधारी प्रभु, जय जय गिरिधारी। जय गोविन्द दयानिधि, गोवर्धन-धारी। वंशीधर बनवारी, ब्रज-जन-प्रियकारी॥ जय जय...
भगवान गिरिधारी आरती
॥ भगवान गिरिधारी आरती ॥ जय जय गिरिधारी प्रभु, जय जय गिरिधारी। दानव-दल-बलहारी, गो-द्विज-हितकारी॥ जय जय गिरिधारी प्रभु, जय जय गिरिधारी। जय गोविन्द दयानिधि, गोवर्धन-धारी। वंशीधर बनवारी, ब्रज-जन-प्रियकारी॥ जय जय...
श्री कृष्ण कन्हैया आरती
॥ आरती श्रीकृष्ण कन्हैया की ॥ मथुरा कारागृह अवतारी, गोकुल जसुदा गोद विहारी। नन्दलाल नटवर गिरधारी, वासुदेव हलधर भैया की॥ आरती श्रीकृष्ण कन्हैया की। मोर मुकुट पीताम्बर छाजै, कटि काछनि,...
श्री कृष्ण कन्हैया आरती
॥ आरती श्रीकृष्ण कन्हैया की ॥ मथुरा कारागृह अवतारी, गोकुल जसुदा गोद विहारी। नन्दलाल नटवर गिरधारी, वासुदेव हलधर भैया की॥ आरती श्रीकृष्ण कन्हैया की। मोर मुकुट पीताम्बर छाजै, कटि काछनि,...
भगवान नटवर आरती
॥ भगवान नटवर आरती ॥ नंद-सुवन जसुमतीचे लाला, गोधन गोपी प्रिय गोपाळा। देवप्रिय असुरांचा काळ, मोहन विश्वविमोहन वर की॥ आरती कीजे श्रीनटवर जी की। गोवर्धन-धर बन्शीधर की॥ जय वसुदेव-देवकी-नंदन, कालयवन-कंसादि-निकंदन।...
भगवान नटवर आरती
॥ भगवान नटवर आरती ॥ नंद-सुवन जसुमतीचे लाला, गोधन गोपी प्रिय गोपाळा। देवप्रिय असुरांचा काळ, मोहन विश्वविमोहन वर की॥ आरती कीजे श्रीनटवर जी की। गोवर्धन-धर बन्शीधर की॥ जय वसुदेव-देवकी-नंदन, कालयवन-कंसादि-निकंदन।...
श्री गोपाल की आरती
॥ श्री गोपाल की आरती ॥ आरती जुगल किशोर की कीजै, राधे धन न्यौछावर कीजै। x2 रवि शशि कोटि बदन की शोभा, ताहि निरखि मेरा मन लोभा। आरती जुगल किशोर...
श्री गोपाल की आरती
॥ श्री गोपाल की आरती ॥ आरती जुगल किशोर की कीजै, राधे धन न्यौछावर कीजै। x2 रवि शशि कोटि बदन की शोभा, ताहि निरखि मेरा मन लोभा। आरती जुगल किशोर...
संग्रह
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रुद्राक्ष मणी
रुद्रग्रामच्या असली रुद्राक्ष मण्यांच्या विशेष संग्रहासह भगवान शिवाच्या दिव्य ऊर्जेचा अनुभव घ्या....