॥ आरती श्री ब्रह्मा जी ॥ पितु मातु सहायक स्वामी सखा,तुम ही एक नाथ हमारे हो। जिनके कुछ और आधार नहीं,तिनके तुम ही रखवारे हो। सब भाँति सदा सुखदायक हो,दुःख निर्गुण नाशन हारे हो। चयन चुनने पर पूरा पृष्ठ रीफ़्रेश हो जाता है. एक नई विंडो में खुलता है। How can we help?